डेस्क न्यूज़
08 July, 2026
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नीमच। लगातार हो रही बारिश के बावजूद श्री बद्रीविशाल मंदिर में आयोजित 94वें सामूहिक श्रीहनुमान चालीसा पाठ एवं सत्संग में श्रद्धालुओं की भारी उपस्थिति ने सनातन संस्कृति के प्रति उनकी अटूट आस्था का परिचय दिया। कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय रामस्नेही सम्प्रदाय के युवा विद्वान, भागवताचार्य एवं रामराष्ट्र आराधक संत श्री चेतनराम जी (उदयपुर) तथा युवा संत श्री संतराम जी विशेष रूप से उपस्थित रहे।
सत्संग को संबोधित करते हुए संत श्री चेतनराम जी ने कहा कि आज के समय में टीवी और मोबाइल का अंधाधुंध उपयोग हमारे सनातन संस्कारों, विचारों और आचरण को भीतर से खोखला कर रहा है। समाज में बढ़ रही नकारात्मक घटनाओं पर प्रत्येक व्यक्ति और पूरे समाज को गंभीरता से आत्मचिंतन करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि मन स्वभाव से चंचल होता है, लेकिन सद्गुरु की शरण में जाने से उसे शांति प्राप्त होती है। यही शांति आज प्रत्येक व्यक्ति के जीवन की सबसे बड़ी आवश्यकता है।
उन्होंने रावण के प्रसंग का उल्लेख करते हुए कहा कि अहंकार, शक्ति और ज्ञान का अभिमान अंततः उसके समूल विनाश का कारण बना। इसलिए मनुष्य को सदैव विनम्रता, संयम और धर्म के मार्ग पर चलना चाहिए।
युवा संत श्री संतराम जी ने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे अहंकार, क्रोध और आलस्य जैसे दुर्गुणों का त्याग कर ईश्वर प्राप्ति के मार्ग पर आगे बढ़ें। उन्होंने कहा कि सत्संग, भक्ति और सदाचार ही जीवन को सफल और सार्थक बनाते हैं।
कार्यक्रम का शुभारंभ लाभार्थी राधेश्याम गुजराती, प्रहलाद गुजराती, संदीप जोलान्या, सुमित अजमेरा, हेमंत श्रीवास, रमेश अरोरा, लाला चौहान, शेखर चौहान, संजय भाटी सहित अन्य श्रद्धालुओं ने सपरिवार भगवान श्रीहनुमान जी एवं अंतरराष्ट्रीय रामस्नेही सम्प्रदाय के प्रवर्तक आद्य आचार्य स्वामी श्री रामचरण जी महाराज के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया।
इस अवसर पर लाभार्थी परिवार एवं रामस्नेही सम्प्रदाय के श्री श्रवणकुमार विजयवर्गीय, गोविंद विजयवर्गीय और रामधन विजयवर्गीय सहित अन्य सदस्यों ने संत द्वय का श्रीफल भेंट कर सम्मान किया।
भजन संध्या में राजकुमार मारू, विजय उपाध्याय, सत्यनारायण सोनी, अर्पित शर्मा, कमल विजयवर्गीय एवं ओम सोनी ने एक से बढ़कर एक भक्तिमय भजनों की प्रस्तुति देकर श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया।
कार्यक्रम के अंत में सनातन सत्संग मंडल ने लाभार्थी परिवार एवं सभी सनातन परिवारों के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही आगामी 95वें सामूहिक श्रीहनुमान चालीसा पाठ एवं सत्संग में 14 जुलाई, मंगलवार को रात्रि 8:30 बजे श्री बद्रीविशाल मंदिर में सपरिवार उपस्थित होकर धर्म लाभ लेने का आग्रह किया।