द वाॅचमेन पोस्ट
21 July, 2026
अन्य
नीमच। चार साल के लिए फुटबॉल जगत की बादशाहत का बेशकीमती ताज धारण करने के अप्रतिम गौरव के लिए विश्व कप फुटबॉल स्पर्धा-2026 के रविवार-सोमवार की दरमियानी रात को अर्जेंटीना और स्पेन के बीच खेले गये फायनल मैच में दुनियां भर के अरबो दर्शकों को हर पल बेहद रोमांचकारी,बेमिसाल आक्रमण-प्रत्याक्रमण,रक्षण और जीत के लिये चरम स्तर की जद्दोजहद का अविस्मरणीय नजारा करवाने के बाद अंततः बादशाहत का स्वर्णिम ताज स्पेन ने जीत लिया।
यह मुकाबला महज दुनियां की सबसे बड़ी खेल स्पर्धा का फायनल भर का नहीं बल्कि इस मायने में भी महत्वपूर्ण था कि,विश्व फुटबॉल इतिहास के महानतम खिलाड़ियों की अग्रिम सूची में शरीक अर्जेंटीना के कप्तान लियोनल मेसी के यशस्वी, अद्भुत,प्रेरक कैरियर के विश्व कप फुटबॉल मंच पर यह आखरी प्रदर्शन का अवसर भी था। कुदरत की यह रोमांचकारी स्क्रिप्ट कहें कि मेसी के खेल जीवन के इस सबसे बड़े अवसर पर उनका सामना-संघर्ष ऐसी टीम से था जिसमें 17 साल जिस बार्सिलोना क्लब की ओर से फुटबॉल खेले उस क्लब की नई पीढ़ी के लामिने यमाल सहित कम से कम 6 ऐसे युवा खिलाड़ियों शामिल हैं जो खुद मेसी को ही अपना आदर्श...अपना दोर्णाचार्य मानते हैं। दूसरे शब्दों में कहें तो यह फायनल मुख्यतः एक गुरु के महानतम कैरियर के सबसे बड़े आखरी पड़ाव पर अपने ही शिष्यों से मैदानी संघर्ष का था।
इस लिहाज से मेसी के लिए हार और जीत से बड़ी बात इस मैच में शामिल होने के महानतम अवसर की थी। यह सदियों में किसी खिलाड़ी को नसीब होता हैं,मेसी को हुआ यह अमिट इतिहास का हिस्सा बन गया।जहाँ तक इस अद्भुत मैच की बात करें तो फायनल के इस महत्वपूर्ण मंच पर स्पेन के हर खिलाड़ी ने अपने जुझारू,तेज-तर्रार और समर्पित खेल कौशल से भरपूर खेल से दुनियां भर के अरबों फुटबॉल प्रेमियों को उत्कृष्ट, उच्च कोटि और अविस्मरणीय खेल संघर्ष की अतुलनीय दावत देकर धन्य कर दिया। इस मैच मेंअर्जेंटीना की पूरी टीम रंगहीन नजर आई और मेसी का जादू भी नदारत दिखा।
मैच में निर्धारित समय में स्पेन के दबदबे और भारी कशमकश के बीच कोई गोल नहीं हो पाया तथा निर्णय के लिए अतिरिक्त समय दिया गया। इस बार स्पेन के तेज तर्रार खिलाड़ियों ने शानदार हमले जारी रखे और अंततः फेरेंन टोरेस ने एक गोल दाग कर वर्ष 2010 के बाद एक बार फिर से विश्व चैंपियन का खिताब अपने नाम कर लिया। गौरतलब है कि अभी स्पेन यूरो चैंपियन भी हैं। वर्ष 2008 में स्पेन ने यूरो चैंपियनशिप जीतने के बाद 2010 में विश्व कप चैंपियन बना था। इस बार स्पेन ने इस शानदार इतिहास को फिर दोहरा कर स्वर्णिम सफलता दर्ज की हैं। इस मैच के साथ ही अर्जेंटीना के महानतम खिलाड़ी मेसी के विश्व कप फुटबॉल के गौरवशाली कैरियर का समापन हो गया।