डेस्क न्यूज़
04 July, 2026
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नीमच। प्रेम विवाह करने वाले एक दंपती ने अपने ही मायके पक्ष के लोगों पर लगातार प्रताड़ित करने, मारपीट, घर पर पथराव, जान से मारने की धमकी देने और छह माह के मासूम बच्चे को नुकसान पहुंचाने का प्रयास करने जैसे गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले को लेकर शुक्रवार को पीड़िता जया मेघवाल, उसके पति अरविंद मेघवाल तथा सास-ससुर जिला पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचे और शिकायत सौंपकर परिवार की सुरक्षा एवं आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की।
शिकायती आवेदन के अनुसार जया मेघवाल निवासी ग्राम भमेसर, तहसील रामपुरा ने 29 अप्रैल 2024 को अपनी मर्जी से अरविंद मेघवाल के साथ विधिवत प्रेम विवाह किया था। विवाह के बाद से वह अपने पति के साथ ससुराल में रह रही है। दंपती का छह माह का एक पुत्र नमन भी है और दोनों अपने वैवाहिक जीवन में खुश हैं।
आवेदन में आरोप लगाया गया है कि प्रेम विवाह से नाराज मायके पक्ष के कुछ परिजन लगातार उन्हें प्रताड़ित कर रहे हैं। शिकायत में दादा रामनारायण, दादी सोहनबाई, काका मुकेश, पिता प्रकाश, फूफा सीताराम, बुआ बालीबाई और भाई पवन को नामजद करते हुए आरोप लगाया गया है कि वे आए दिन गाली-गलौज, मारपीट, घर पर पथराव और जान से मारने की धमकियां देते हैं। साथ ही छह माह के मासूम बच्चे को भी नुकसान पहुंचाने का प्रयास किया गया। इसके अलावा पति के मित्र श्रवण और सुनील को झूठे मुकदमों में फंसाने और जान से मारने की धमकियां देने का भी आरोप लगाया गया है।
पीड़िता ने आवेदन में बताया कि प्रेम विवाह के बाद सामाजिक विवाद समाप्त करने के लिए समाज की ओर से तय सामाजिक दंड (झगड़ा राशि) के रूप में 5 लाख 25 हजार रुपये भी दिए जा चुके हैं। इसके बावजूद आरोपित पक्ष अतिरिक्त राशि की मांग कर रहा है। शिकायत के अनुसार आरोपियों ने धमकी दी है कि यदि और रुपये नहीं दिए गए तो पूरे परिवार को जान से मार दिया जाएगा।
पीड़िता का कहना है कि मायका और ससुराल दोनों एक ही गांव भमेसर में होने के कारण परिवार का वहां रहना मुश्किल हो गया है। लगातार मिल रही धमकियों के चलते परिवार भय के साये में जीवन जी रहा है और कई बार घर छोड़कर दूसरी जगह शरण लेने की नौबत आ चुकी है।
पीड़ित परिवार ने पुलिस अधीक्षक से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई करने, परिवार को सुरक्षा उपलब्ध कराने तथा भविष्य में किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए तत्काल पुलिस संरक्षण देने की मांग की है।