ताजासमाचार

नीमच में गौ-पालन स्थल हटाने के नोटिस से गुस्साए किसान और गो-पालक, कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

डेस्क न्यूज़ 27 January, 2026 अन्य

नीमच। जिले के कुकडेश्वर क्षेत्र में पीढ़ियों से चले आ रहे गौ-पालन और खेती के कार्य पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। प्रशासन द्वारा गौ-पालन स्थल हटाने के लिए नोटिस जारी किए जाने से क्षेत्र के गो-पालकों और किसानों में भारी रोष और चिंता व्याप्त है।
इस मुद्दे को लेकर समस्त गो-पालक एवं किसानों ने जिला कलेक्टर नीमच को आवेदन सौंपकर न्यायसंगत और मानवीय निर्णय की मांग की है। आवेदन में बताया गया कि सर्वे नंबर 925 की भूमि पर लगभग 100 वर्षों से गौ-पालन, चारा भंडारण, गोबर रखने और कच्ची फसलों के संरक्षण का कार्य किया जा रहा है। खेती और पशुपालन ही इस क्षेत्र के सैकड़ों परिवारों की आजीविका का मुख्य आधार हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि 19 जनवरी को प्रशासन ने मेला आयोजन के उद्देश्य से उक्त भूमि खाली कराने के लिए नोटिस जारी कर दिए, जिससे क्षेत्र में असंतोष फैल गया। उनका कहना है कि यह स्थल गौ-पालन और पशुपालन के लिए प्रारंभ से ही उपयोग में रहा है और भौगोलिक व व्यावहारिक दृष्टि से मेला आयोजन के लिए पूरी तरह अनुपयुक्त है।
गो-पालकों का यह भी कहना है कि यदि यहां से गौ-पालन हटाया गया, तो न केवल सैकड़ों परिवारों की आजीविका प्रभावित होगी, बल्कि गौ-माताओं का वर्षों पुराना आश्रय भी समाप्त हो जाएगा। उन्होंने इस कार्रवाई को मानवीय संवेदनाओं और मूल अधिकारों के विपरीत बताया।
अखिल भारतीय चंद्रवंशी खाती पटेल समाज महासभा एवं युवा संगठन के बैनर तले सौंपे गए ज्ञापन में कलेक्टर से आग्रह किया गया है कि सामाजिक, आर्थिक और मानवीय परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए गौ-पालन स्थल को यथावत रखा जाए और गो-पालकों को राहत प्रदान की जाए।

Related Post