न्यूज डेस्क
01 January, 2026
प्रशासनिक
नीमच। नगर पालिका परिषद नीमच की एक कर्मचारी की गंभीर लापरवाही के कारण गुरुवार को अंबेडकर कॉलोनी में मांस व्यापारियों में अफरा-तफरी मच गई। नववर्ष के दिन अचानक पुलिस और नगर पालिका की संयुक्त टीम क्षेत्र में पहुंची और मांस विक्रय पर प्रतिबंध का गलत आदेश थोपते हुए कई दुकानों को बंद करवा दिया। कार्रवाई के दौरान दुकानों पर ताले भी लगवा दिए गए, जिससे व्यापारियों में हड़कंप मच गया।
पुराना आदेश बन गया परेशानी का कारण
जांच में सामने आया कि नगर पालिका कर्मचारी ने पिछले वर्ष के कैलेंडर और पुराने आदेश को आधार बनाकर यह कार्रवाई की। दरअसल, 1 जनवरी 2025 को धार्मिक तिथि होने के कारण राज्य शासन ने मांस विक्रय पर प्रतिबंध लगाया था। इस पुराने कैलेंडर और आदेश को बिना पुष्टि किए ही इस वर्ष भी लागू कर दिया गया।
व्यापारी नाराज, पार्षद ने जताई चिंता
पार्षद इकबाल कुरेशी ने बताया कि इस वर्ष नववर्ष के दिन मांस विक्रय पर कोई आदेश जारी नहीं हुआ है। मांस व्यापारी नियमों के अनुसार अपना व्यवसाय कर रहे थे। उन्होंने नगर पालिका की मिस प्रिंट और कर्मचारियों की लापरवाही को इस घटना का मुख्य कारण बताया। उनके अनुसार, जो मांस पहले ही काटा गया था, वह बिक चुका था, फिर भी दुकानों को बंद करवा दिया गया।
नगर पालिका ने स्वीकार की गलती, कर्मचारी को नोटिस
मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) दुर्गा बामनिया ने स्पष्ट किया कि इस वर्ष 1 जनवरी को कोई धार्मिक तिथि नहीं थी और न ही राज्य शासन ने कोई प्रतिबंध आदेश जारी किया था। उन्होंने स्वीकार किया कि पुराने कैलेंडर के आधार पर आदेश जारी होना भूलवश हुआ। संबंधित कर्मचारी को नोटिस जारी किया गया है और भविष्य में इस तरह की गलती न हो, इसके लिए निर्देश दिए गए हैं।
सवाल खड़े, व्यापारियों में नाराजगी
घटना के बाद नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं। व्यापारियों ने कहा कि बिना ठोस आदेश के की गई यह कार्रवाई दुर्भाग्यपूर्ण और असमय थी।