न्यूज डेस्क
05 March, 2026
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नीमच। विक्रम सीमेंट वर्क्स खोर में 55वें राष्ट्रीय संरक्षा सप्ताह का शुभारम्भ संस्थान प्रमुख अवास मिश्रा एवं वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा संरक्षा ध्वजारोहण के साथ किया गया। इस अवसर पर संविदा कर्मचारी दशरथ सुथार ने सभी कर्मचारियों को संरक्षा प्रतिज्ञा दिलाई। कार्यक्रम के दौरान पूरे कारखाने में सुरक्षा जागरूकता का संदेश देते हुए विभिन्न गतिविधियों की शुरुआत की गई।
कार्यक्रम की शुरुआत में संरक्षा अधिकारी राहुल बारगल ने स्वागत उद्बोधन देते हुए राष्ट्रीय संरक्षा सप्ताह की प्रासंगिकता पर प्रकाश डाला तथा सप्ताह भर आयोजित होने वाले विभिन्न कार्यक्रमों की जानकारी दी। उन्होंने कर्मचारियों से अधिक से अधिक संख्या में प्रतियोगिताओं और गतिविधियों में भाग लेने का आह्वान करते हुए कहा कि सुरक्षा एक सामूहिक जिम्मेदारी है और सभी के संयुक्त प्रयासों से ही शून्य दुर्घटना के लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है।
इस अवसर पर कारखाने के विभिन्न स्थानों पर सुरक्षा बैनर लगाए गए तथा कर्मचारियों द्वारा संरक्षा वार्ता और संरक्षा कविता का आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम में भूपेन्द्र सिंह, अनंत शर्मा (एफएच-एचआर एंड पी एंड ए), अक्षय जैन (एफएच-टेक्निकल), आशीष हिंगर (एफएच-एफ एंड सी) और भूपेंद्र खोरपिया (एफएच-माइंस) सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।
संस्थान प्रमुख अवास मिश्रा ने अपने संबोधन में कहा कि यदि कारखाने में कार्य करने वाला प्रत्येक व्यक्ति सुरक्षा नियमों का पूरी निष्ठा से पालन करे और रोको-टोको की व्यवस्था को अपनाए, तभी शून्य दुर्घटना के लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। उन्होंने कर्मचारियों से अनुशासन में रहते हुए सुरक्षा नियमों का शत-प्रतिशत पालन करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि सुरक्षित कामगार न केवल अपनी बल्कि दूसरों की भी सुरक्षा सुनिश्चित करता है और कार्यस्थल को शून्य दुर्घटना क्षेत्र बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। किसी भी कार्य को करने से पहले उसके संभावित खतरों की पहचान कर सुरक्षित कार्य प्रणाली अपनाने से दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है।
अवास मिश्रा ने कहा कि औद्योगिक प्रगति में सुरक्षा का विशेष महत्व है। यदि कारखाने में उत्पादकता बढ़ानी है तो सुरक्षा के उच्च मानदंड स्थापित करना आवश्यक है। इसके लिए सुरक्षा नियमों का पालन, सुरक्षित कार्य आदतों का विकास, अनुशासन और कर्मचारियों में जागरूकता अत्यंत जरूरी है। साथ ही समय-समय पर सुरक्षा स्तर का मूल्यांकन भी किया जाना चाहिए, ताकि यह पता चल सके कि किए जा रहे प्रयास कितने प्रभावी हैं।
उन्होंने सभी कर्मचारियों से राष्ट्रीय संरक्षा सप्ताह के दौरान आयोजित गतिविधियों में बढ़-चढ़कर भाग लेने और कारखाने में मजबूत सुरक्षा संस्कृति विकसित करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि प्रबंधन सुरक्षा के प्रति पूरी तरह वचनबद्ध है और कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए आवश्यक सभी संसाधन उपलब्ध कराता रहेगा।
कार्यक्रम का संचालन एवं आभार प्रदर्शन संरक्षा अधिकारी राकेश झा द्वारा किया गया। समारोह के अंत में सभी ने सुरक्षित कार्य संस्कृति को मजबूत बनाने का संकल्प लिया।