डेस्क न्यूज
01 March, 2026
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नीमच। जावद तहसील अंतर्गत ग्राम दड़ौली में विकास के दावे उस समय बौने नजर आते हैं, जब दड़ौली–अंबामाता मार्ग के मुड़ाव पर सड़क की जमीनी हकीकत सामने आती है। गहरे गड्ढे, कीचड़ और बदहाल रास्ता यहां के ग्रामीणों व राहगीरों की रोजमर्रा की मुसीबत बन चुका है। हालात ऐसे हैं कि यह मार्ग सड़क कम और दलदल ज्यादा नजर आता है, जिससे फिसलन और दुर्घटना का खतरा हर वक्त बना रहता है
जिम्मेदार बेपरवाह, ग्रामीण परेशान
ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय से दड़ौली–अंबामाता मार्ग के इस मोड़ की हालत खराब है, लेकिन पंचायत स्तर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। सड़क धंसी हुई है, पानी भरने से कीचड़ फैला रहता है और हर गुजरने वाला व्यक्ति जोखिम उठाकर निकलता है।
तीन किलोमीटर सड़क अटकी, पर घरों तक सीसी रोड भी नहीं
ग्रामीणों का आरोप है कि दड़ौली से अंबामाता तक प्रस्तावित लगभग 3 किलोमीटर सड़क निर्माण कार्य शासन स्तर पर अटका हुआ हो, लेकिन उसी मार्ग पर बसे ग्रामीणों के घरों तक पंचायत द्वारा सीसी रोड तो बनाया जा सकता था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस मार्ग पर बसे रहवासियों को पंचातय के जिम्मेदारो द्वारा पूरी तरह नजरअंदाज किया गया। इससे बरसात या पानी भरते ही घरों तक पहुंचना भी मुश्किल हो जाता है और पूरा रास्ता कीचड़ में बदल जाता है।
सड़क-नाली दोनों नदारद, बढ़ता आक्रोश
दड़ौली–अंबामाता मार्ग पर बसे घरों के सामने न तो सीसी रोड है और न ही नाली व्यवस्था। पानी निकासी न होने से रास्ता दलदल बन जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार पंचायत को अवगत कराने के बावजूद कोई कार्यवाही नहीं हुई, जिससे आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
दड़ौली–अंबामाता सड़क अधर में
मध्यप्रदेश शासन द्वारा दड़ौली से अंबामाता तक लगभग 3 किलोमीटर सड़क निर्माण का प्रस्ताव स्वीकृत हुआ था और भूमिपूजन भी करीब 4 वर्ष पूर्व हो चुका है, लेकिन आज तक जमीनी स्तर पर निर्माण शुरू नहीं हुआ। इससे क्षेत्रवासियों में नाराजगी है ।
वही इस पूरे मामले में दड़ौली पंचायत सचिव जगदीश धाकड़ से फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उन्होंने कॉल रिसीव नहीं किया।