डेस्क न्यूज़
23 October, 2025
सामाजिक
नीमच। स्वतंत्रता संग्राम के वीर सपूत शहीद-ए-आज़म अशफ़ाक उल्ला खां की जयंती बुधवार शाम इकरा पब्लिक स्कूल मदरसा में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। कार्यक्रम में शहर के गणमान्य नागरिकों सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत कुरआनख़्वानी और देशभक्ति गीतों के साथ हुई। इस दौरान वक्ताओं ने अशफ़ाक उल्ला खां के बलिदान, उनके विचारों और क्रांतिकारी जीवन पर प्रकाश डाला।
स्कूल के शिक्षक शाहिद ख़ान और यूनुस उर्फ़ छुट्टन ख़ान ने कहा कि अशफ़ाक उल्ला ख़ान ने युवावस्था में ही देश की आज़ादी के लिए अपना सब कुछ न्योछावर कर दिया। वे क्रांतिकारी रामप्रसाद बिस्मिल से गहराई से प्रभावित हुए और दोनों ने मिलकर अंग्रेज़ी हुकूमत के खिलाफ कई ऐतिहासिक कदम उठाए।
कार्यक्रम में हाजी इदरीश ख़ान, हाजी हामिद ख़ान और बाबू ख़ान ने कहा कि अशफ़ाक उल्ला ख़ान न केवल आज़ादी के आंदोलन के प्रतीक थे, बल्कि हिंदू-मुस्लिम एकता की मिसाल भी हैं। उनके जीवन से आज का युवा साहस, देशभक्ति और एकता की प्रेरणा ले सकता है।
इस मौके पर आलम ख़ान, मुन्ना भाई, बाबू भाई ठेकेदार, शानू ख़ान सहित कई समाजसेवी मौजूद रहे।
कार्यक्रम का संचालन मोहम्मद हाशिम ख़ान ने किया, जबकि आभार सदर याक़ूब ख़ान ने किया।