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ट्रेन के टॉयलेट में मिली एडीजे की पत्नी की लाश, मोबाइल लोकेशन से हुआ खुलासा – डॉक्टरों ने बताया साइलेंट हार्ट अटैक

न्यूज डेस्क 06 March, 2026 अन्य

नीमच/जावरा। राजस्थान के निम्बाहेड़ा में पदस्थ एडीजे (अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश) राजकुमार चौहान की पत्नी उषा चौहान का शव ट्रेन के टॉयलेट में मिलने से बुधवार को हड़कंप मच गया। पति-पत्नी जोधपुर से चित्तौड़गढ़ के लिए ट्रेन से यात्रा कर रहे थे, लेकिन दोनों का रिजर्वेशन अलग-अलग कोच में होने के कारण अलग डिब्बों में बैठे थे । चित्तौड़गढ़ स्टेशन पर एडीजे राजकुमार चौहान तो उतर गए, लेकिन उनकी पत्नी प्लेटफॉर्म पर नहीं दिखीं। इसके बाद शुरू हुई तलाश आखिरकार जावरा स्टेशन पर जाकर खत्म हुई, जहां ट्रेन के टॉयलेट का दरवाजा तोड़कर महिला को बाहर निकाला गया और डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

जानकारी के अनुसार एडीजे राजकुमार चौहान और उनकी पत्नी उषा चौहान 3 मार्च की रात जोधपुर के भगत की कोठी स्टेशन से कांचीगुड़ा-भगत की कोठी एक्सप्रेस में सवार हुए थे। दोनों को चित्तौड़गढ़ उतरना था, लेकिन सीटें अलग-अलग कोच में होने के कारण दोनों अलग डिब्बों में यात्रा कर रहे थे। बुधवार सुबह करीब 7:20 बजे ट्रेन चित्तौड़गढ़ स्टेशन पहुंची। यहां राजकुमार चौहान ट्रेन से उतर गए, लेकिन उषा चौहान बाहर नहीं आईं। प्लेटफॉर्म पर काफी देर तलाश करने के बाद भी जब उनका पता नहीं चला तो उन्होंने तुरंत जीआरपी को सूचना दी।

सूचना मिलते ही जीआरपी ने स्टेशन के सीसीटीवी फुटेज खंगाले, लेकिन महिला को ट्रेन से उतरते हुए कहीं नहीं देखा गया। इसके बाद पुलिस ने महिला के मोबाइल की लोकेशन ट्रेस की, जो ट्रेन के अंदर ही आगे बढ़ती हुई मिल रही थी। इसी आधार पर आगे के स्टेशनों को सूचना देकर ट्रेन में तलाश शुरू करवाई गई।

इस बीच ट्रेन जब रतलाम जिले के जावरा स्टेशन पर सुबह करीब 10:40 बजे पहुंची तो पुलिस ने संबंधित कोच की जांच की। तलाशी के दौरान एक टॉयलेट का दरवाजा अंदर से बंद मिला। शक होने पर दरवाजा तोड़ा गया तो उषा चौहान अंदर अचेत अवस्था में मिलीं। उन्हें तुरंत जावरा अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

बताया जा रहा है कि चित्तौड़गढ़ पहुंचने से कुछ समय पहले उषा चौहान ने अपने पति को फोन कर कहा था कि वह वॉशरूम जा रही हैं, लेकिन इसके बाद वह अपनी सीट पर वापस नहीं लौटीं। ट्रेन को पहले मंदसौर में भी रुकवाने का प्रयास किया गया था, लेकिन वहां टॉयलेट का दरवाजा नहीं खुल पाया था।

नीमच जीआरपी थाना प्रभारी मोतीराम चौधरी के अनुसार डॉक्टरों की प्रारंभिक जांच में महिला की मौत साइलेंट हार्ट अटैक से होना सामने आया है। सूचना मिलते ही वह भी जावरा पहुंच गए। एडीजे राजकुमार चौहान और अन्य परिजन भी वहां पहुंच गए। परिजनों ने पोस्टमॉर्टम कराने से इनकार कर दिया और शव को अपने साथ जोधपुर ले गए, जहां अंतिम संस्कार किया जाएगा।

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