डेस्क न्यूज़
22 September, 2025
अन्य
नीमच। नवरात्रि पर्व के दौरान मांस, मछली, मुर्गे और अंडे की बिक्री पर प्रदेश सरकार द्वारा जारी प्रतिबंधात्मक आदेश के बावजूद नीमच शहर में खुलेआम इसका उल्लंघन हो रहा है। इस स्थिति को लेकर आज एनिमल वेलफेयर बोर्ड ऑफ चेन्नई के प्रतिनिधिमंडल ने जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपकर सख्त कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में कहा गया कि भोपाल प्रशासन सहित उमरिया, देवास, मेहर, मंदसौर और नीमच जिलों में 22 सितंबर से 2 अक्टूबर तक मीट उत्पादों की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया है। लेकिन नीमच नगर पालिका क्षेत्र में इस आदेश की अनुपालना होती नहीं दिख रही है।
प्रतिनिधियों का आरोप है कि मूलचंद मार्ग और कई अन्य इलाकों में घरनुमा दुकानों में बिना वैध लाइसेंस के मांस की बिक्री जारी है, जिससे न केवल शासन के निर्देशों की अवहेलना हो रही है, बल्कि यह खाद्य सुरक्षा और नगरीय स्वास्थ्य नियमों का भी उल्लंघन है।
प्रशासन पर उठा अनुपालना का सवाल
एनिमल वेलफेयर बोर्ड ने जिला पंचायत अध्यक्ष सज्जन सिंह चौहान, कलेक्टर, एसडीएम संजीव कुमार साहू, नगर पालिका सीएमओ दुर्गा बामनिया और स्वास्थ्य सभापति धर्मेश पुरोहित से मुलाकात कर कार्रवाई की मांग की।
प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि शासन का आदेश कागज़ों में सीमित रह गया है, जबकि ज़मीनी स्तर पर दुकानदार बिना लाइसेंस के कारोबार कर रहे हैं।
शामिल प्रतिनिधि
ज्ञापन देने वालों में एनिमल वेलफेयर बोर्ड से दिलीप छाजेड़, बाबूलाल नागदा, मानव अधिकार निगरानी समिति के जिला सचिव प्रवीण शर्मा, समाजसेवी और भाजपा नेता गजेंद्र शर्मा ‘कोकु’, नमो ग्रुप प्रदेश अध्यक्ष रोशन वर्मा, रवि जैन समेत कई स्थानीय नागरिक और समाजसेवी शामिल रहे।