ड्रोन सर्वे की गलती बनी मुसीबत! महीनों से नाम सुधार नहीं—पीड़िता को दफ्तरों से मिल रही फटकार
नीमच। जिले में ड्रोन सर्वे के जरिए तैयार किए गए राजस्व रिकॉर्ड अब आम लोगों के लिए परेशानी का कारण बनते नजर आ रहे हैं। जावद तहसील के ग्राम कुण्डला की एक महिला ने नाम दर्ज करने में हुई त्रुटि को लेकर महीनों से भटकने के बाद आखिरकार कलेक्टर जनसुनवाई में गुहार लगाई है।
ग्राम कुण्डला निवासी लाली बाई, पिता मदनलाल, पति सत्यनारायण लोहार ने मुख्यमंत्री के नाम आवेदन सौंपते हुए बताया कि ड्रोन सर्वे के दौरान उनके नाम के स्थान पर उनके पिता का नाम दर्ज हो गया। इस स्पष्ट त्रुटि को सुधारने के लिए उन्होंने 13 जनवरी 2026 को राजस्व संहिता की धारा 113 के तहत आवेदन भी दिया था।
इसके बावजूद कई महीने बीत जाने के बाद भी रिकॉर्ड में कोई सुधार नहीं किया गया। पीड़िता का आरोप है कि वह लगातार तहसील कार्यालय के चक्कर काट रही है, लेकिन न तो उसे कोई संतोषजनक जवाब मिल रहा है और न ही उसकी समस्या का समाधान किया जा रहा है।
महिला ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि तहसील कार्यालय में उसके साथ दुर्व्यवहार किया जाता है, उसे डांटकर भगा दिया जाता है और अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया जाता है। खुद को अनपढ़ और असहाय बताते हुए पीड़िता ने कहा कि इस पूरे मामले से वह मानसिक रूप से परेशान हो चुकी है।
आवेदन में यह भी उल्लेख किया गया है कि इस प्रकार की लापरवाही और व्यवहार न केवल प्रशासनिक संवेदनहीनता को दर्शाता है, बल्कि महिला सम्मान और नागरिक अधिकारों के भी खिलाफ है।
पीड़िता ने मुख्यमंत्री और जिला प्रशासन से मांग की है कि राजस्व रिकॉर्ड में हुई त्रुटि का शीघ्र सुधार कराया जाए, मामले की निष्पक्ष जांच हो और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
