नीमच में विक्रमोत्सव 2026 की भव्य शुरुआत, संस्कृति और जल संरक्षण का संदेश

  नीमच
  डेस्क न्यूज
  19 March, 2026
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नीमच। विक्रम संवत् नववर्ष के अवसर पर जिला मुख्यालय स्थित टाउनहॉल में विक्रमोत्सव 2026 के अंतर्गत कोटि सूर्योपासना एवं जल गंगा संवर्धन अभियान का भव्य शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, प्रशासनिक अधिकारियों और बड़ी संख्या में नागरिकों की मौजूदगी ने आयोजन को खास बना दिया।

कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन और पीपल के पौधे की पूजा-अर्चना से हुई। इसके बाद सूर्य उपासना के साथ पूरे वातावरण में आध्यात्मिक और सांस्कृतिक ऊर्जा का संचार हुआ। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य भारतीय परंपराओं के प्रति जागरूकता बढ़ाना और जल संरक्षण के महत्व को जन-जन तक पहुंचाना रहा।

जावद विधायक ओमप्रकाश सखलेचा ने अपने संबोधन में कहा कि विक्रम संवत् हमारी संस्कृति और परंपराओं की पहचान है, और इन्हें पुनर्जीवित करने के प्रयास सराहनीय हैं। उन्होंने गांधी सागर से प्रस्तावित सिंचाई परियोजना का जिक्र करते हुए कहा कि इससे क्षेत्र के किसानों को बड़ा लाभ मिलेगा और हर खेत तक पानी पहुंच सकेगा।

वहीं नीमच विधायक दिलीप सिंह परिहार ने नववर्ष को प्रकृति संरक्षण का संकल्प लेने का अवसर बताते हुए लोगों से कुएं, बावड़ियों और जल स्रोतों के संरक्षण में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की। साथ ही उन्होंने जरूरतमंदों तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुंचाने पर जोर दिया।

कार्यक्रम में एडीएम बी.एस. कलेश, एसडीएम संजीव साहू, जिला शिक्षा अधिकारी एस.एम. मांगारिया, विनोद एक्का और सीएमओ दुर्गा बामनिया सहित कई अधिकारियों ने अतिथियों का स्वागत किया।

आयोजन का सबसे खास आकर्षण उज्जैन की सांस्कृतिक संस्था द्वारा प्रस्तुत सम्राट विक्रमादित्य पर आधारित नाट्य मंचन रहा। डॉ. रूद्र आचार्य और कीर्ति प्रामाणिक के निर्देशन में प्रस्तुत इस नाटक ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया, जहां तालियों की गूंज से पूरा सभागार गूंज उठा।

कार्यक्रम का संचालन मंजूलाधीर और प्रो. संजय जोशी ने किया। पूरे आयोजन में भारतीय संस्कृति, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक सहभागिता का मजबूत संदेश देखने को मिला।