‘हर मास एक उपवास’ संगीत व कवि सम्मेलन में उमड़ा जनसैलाब, प्रसन्न सागर जी महाराज ने बताया आत्मा शुद्धि का मार्ग
नीमच। उपवास केवल भोजन का त्याग नहीं, बल्कि आत्मा को शुद्ध करने और ईश्वर के समीप पहुंचने की साधना है। शुद्ध आहार और संयमित जीवन से ही स्वस्थ शरीर और निर्मल मन का निर्माण होता है। तपस्या और उपवास की साधना के बिना आत्म कल्याण का मार्ग प्राप्त नहीं किया जा सकता। यह विचार अंतरमना 108 तपाचार्य प्रसन्न सागर जी महाराज ने व्यक्त किए।
शनिवार 7 मार्च को दशहरा मैदान स्थित अटल बिहारी वाजपेयी टाउन हॉल सभागार में दिगंबर जैन समाज नीमच और फास्टिक फाउंडेशन नीमच चैप्टर के तत्वावधान में आयोजित ‘हर मास एक उपवास’ संगीत एवं कवि सम्मेलन के अंतर्गत चतुर्थ सामूहिक उपवास संकल्प अभियान कार्यक्रम में प्रसन्न सागर जी महाराज ने धर्मसभा को संबोधित करते हुए कहा कि यदि शरीर शुद्ध होगा तो भाव पवित्र होंगे, भाव पवित्र होंगे तो विचार निर्मल होंगे और मन भी पवित्र होगा। जब मन निर्मल होगा तो आत्मा भी पवित्र होगी और आत्म मुक्ति का मार्ग सरल हो जाएगा। उन्होंने कहा कि भोजन को औषधि की तरह ग्रहण करना चाहिए और प्रत्येक माह उपवास करना स्वास्थ्य और दीर्घायु के लिए आवश्यक है।
उन्होंने आधुनिक जीवन शैली पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि पहले टेलीफोन के युग में पूरा परिवार एक साथ बैठकर संवाद करता था, जबकि आज मोबाइल के युग में परिवार के सदस्य अलग-अलग कमरों में व्यस्त रहते हैं। यह परिवार और समाज के लिए चिंतन का विषय है। उपाध्याय मुनि पियूष सागर जी महाराज ने कहा कि उपवास पाचन तंत्र को मजबूत करता है और शरीर से विकारों को बाहर निकालता है। प्रवर्तक डॉ. सहज मुनि महाराज ने कहा कि मनुष्य की संगत जैसी होती है, उसकी रंगत भी वैसी ही हो जाती है। यदि आहार और व्यवहार में संयम रखा जाए तो निरोगी काया प्राप्त की जा सकती है।
अंबाजी निपानिया धाम के गुरुदेव ने कहा कि उपवास मन को पवित्र करने का माध्यम है और परिवार में माता-पिता भगवान का स्वरूप होते हैं। कार्यक्रम में जिला न्यायाधीश कुलदीप जैन, महामंडलेश्वर सुरेशानंद जी शास्त्री, डॉ. ललित शास्त्री, डॉ. पंकज राय और सुश्री निशि जैन ने भी अपने विचार साझा किए। टीवी स्टार कवि सुदीप भोला ने काव्य पाठ के माध्यम से मोबाइल के सीमित उपयोग और बेटियों को शिक्षा हेतु मोबाइल देने पर जोर दिया। वहीं बांसुरी वादक विक्रम और देव कनेरिया ने नवकार मंत्र पर आधारित मधुर बांसुरी धुन प्रस्तुत कर वातावरण को आध्यात्मिक बना दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत भगवान महावीर स्वामी के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्वलन के साथ हुई। विधायक ओमप्रकाश सकलेचा और जिला न्यायाधीश कुलदीप जैन ने मुनि श्री के पाद प्रक्षालन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर विधायक दिलीप सिंह परिहार, नपा अध्यक्ष स्वाति चोपड़ा, भाजपा जिलाध्यक्ष वंदना खंडेलवाल सहित अनेक जनप्रतिनिधि और समाजजन उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में उपस्थित श्रद्धालुओं ने प्रतिमाह एक उपवास करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का संचालन अजय कासलीवाल और आंचल सेठी ने संयुक्त रूप से किया।
